PM Awas Yojana Gramin Eligibility 2026 जानें। पीएम आवास योजना ग्रामीण की पात्रता, जरूरी शर्तें, आय सीमा, दस्तावेज और किन लोगों को मिलेगा लाभ – पूरी जानकारी यहां पढ़ें।
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण (PMAY-G) भारत के ग्रामीण विकास की रीढ़ है। केंद्र सरकार ने PMAY 2.0 (2024-2029) के तहत अगले 5 वर्षों में 2 करोड़ नए ग्रामीण घर बनाने का लक्ष्य रखा है। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि PM Awas Yojana Gramin Eligibility 2026 के तहत कौन से परिवार पात्र (Eligible) माने जाएंगे?
इस लेख में हम ‘आवास प्लस’ (Awas+) सर्वे के नए मानकों, बदली हुई आय सीमा और उन 13 कारणों की विस्तार से चर्चा करेंगे जिनसे आपका नाम लिस्ट से कट सकता है।
PMAY-G 2.0 पात्रता: अब किन परिवारों को मिलेगा पक्का घर?
आवास योजना के दूसरे चरण में पात्रता के नियमों को काफी सरल बनाया गया है। अब सरकार का ध्यान केवल 2011 की जनगणना (SECC 2011) पर नहीं है, बल्कि ‘Awas Plus’ के नए सर्वे पर है।
पात्र होने के लिए बुनियादी शर्त यह है कि लाभार्थी का परिवार भारत के किसी भी हिस्से में पक्का मकान (कंक्रीट की छत वाला घर) का मालिक नहीं होना चाहिए। परिवार की परिभाषा में पति, पत्नी और उनके अविवाहित बच्चे शामिल हैं। यदि कोई वयस्क बेटा या बेटी विवाहित है, तो वह एक अलग परिवार माना जा सकता है और अपनी पात्रता के अनुसार अलग घर के लिए आवेदन कर सकता है।
Awas Plus 2024 Survey के अनुसार PMAY-G पात्रता के 10 नए मानक
सरकार ने हाल ही में “आवास प्लस 2024” सर्वे के जरिए लाभार्थियों की पहचान करने के लिए 10 मुख्य मानक (Criteria) तय किए हैं। यदि आपका परिवार इनमें से किसी भी श्रेणी में आता है, तो आप आवेदन कर सकते हैं:
- कच्चे मकान वाले परिवार: ऐसे परिवार जो शून्य, एक या दो कमरों वाले कच्चे घरों (मिट्टी की दीवार और घास-फूस की छत) में रहते हैं।
- भूमिहीन परिवार: वे परिवार जिनके पास अपनी खेती योग्य भूमि नहीं है और वे शारीरिक श्रम से आजीविका कमाते हैं।
- महिला प्रधान परिवार: ऐसे घर जहाँ 16 से 59 वर्ष की आयु के बीच कोई वयस्क पुरुष सदस्य नहीं है।
- दिव्यांग सदस्य वाले परिवार: जहाँ परिवार का कोई सदस्य दिव्यांग है और कोई अन्य सक्षम वयस्क सदस्य नहीं है।
- अनुसूचित जाति/जनजाति (SC/ST): सामाजिक रूप से पिछड़े वर्गों को विशेष प्राथमिकता दी जाती है।
- बंधुआ मजदूरी से मुक्त परिवार: जिन्हें विशेष प्राथमिकता के आधार पर घर दिया जाता है।
- हाथ से मैला ढोने वाले (Manual Scavengers): इस वर्ग के परिवारों को स्वतः पात्र माना जाता है।
- आदिम जनजातीय समूह (PVTG): जो जंगलों या दूरदराज के इलाकों में रहते हैं।
- पूर्व सैनिक और शहीद सैनिकों की विधवाएं: रक्षा मंत्रालय के सहयोग से इन्हें प्राथमिकता मिलती है।
- प्राकृतिक आपदा से प्रभावित: बाढ़, भूकंप या आगजनी में घर खोने वाले परिवार।
PMAY-G 2.0 Income Limit 2026: ₹10,000 से बढ़ाकर ₹15,000 प्रति माह
PMAY-G 2.0 की सबसे बड़ी अपडेट इसकी आय सीमा (Income Limit) में बदलाव है। पुराने नियमों के अनुसार, यदि किसी परिवार की मासिक आय ₹10,000 से अधिक थी, तो उन्हें अपात्र मान लिया जाता था।
नई अपडेट 2026: अब सरकार ने इस सीमा को बढ़ाकर ₹15,000 प्रति माह कर दिया है। यानी यदि आपके परिवार की कुल कमाई ₹15,000 तक है, तो भी आप प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के लिए पात्र माने जाएंगे। यह फैसला महंगाई और ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती जरूरतों को ध्यान में रखकर लिया गया है।
PMAY-G के तहत किसे माना जाएगा अलग परिवार? (परिवार की परिभाषा)
अक्सर ग्रामीणों के मन में यह भ्रम रहता है कि क्या एक ही पिता के दो बेटों को अलग-अलग घर मिल सकता है?
- नियम: यदि बेटा विवाहित है और उसका राशन कार्ड अलग है, तो उसे एक ‘स्वतंत्र परिवार’ माना जाएगा।
- शर्त: दोनों भाइयों के पास अपना पक्का मकान नहीं होना चाहिए और वे गरीबी रेखा के नीचे (BPL) या निर्धारित आय सीमा के भीतर होने चाहिए।
पात्रता की प्राथमिकता सूची (Priority List) कैसे तैयार होती है?
सिर्फ पात्र होना काफी नहीं है, बल्कि लिस्ट में आपका ‘नंबर’ कहाँ है, यह आपकी प्रायोरिटी (Priority) पर निर्भर करता है।
- महिला मुखिया और विधवा महिलाओं के लिए विशेष वरीयता: सरकार महिला सशक्तिकरण के तहत घर का मालिकाना हक महिला के नाम पर देने को बढ़ावा देती है। विधवा महिलाओं और एकल महिलाओं (Single Women) को प्राथमिकता सूची में ऊपर रखा जाता है।
- दिव्यांग और भूमिहीन परिवार: यदि परिवार में कोई वयस्क कमाने वाला नहीं है और मुख्य सदस्य दिव्यांग है, तो उन्हें पहली प्राथमिकता (Category A) में रखा जाता है।
अपात्रता की शर्तें (Exclusion Criteria): किन 13 कारणों से कट सकता है नाम?
यह इस लेख का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है। यदि आपके पास पात्रता के सभी गुण हैं, लेकिन नीचे दी गई 13 शर्तों में से एक भी आप पर लागू होती है, तो आप अपात्र (Ineligible) माने जाएंगे:
- दोपहिया/तिपहिया/चार पहिया वाहन: यदि परिवार के पास कार, जीप या भारी व्यावसायिक वाहन है। (नोट: PMAY 2.0 में दोपहिया वाहन के नियमों में कुछ छूट दी गई है, लेकिन व्यावसायिक इस्तेमाल वाले वाहनों पर रोक है)।
- मछली पकड़ने वाली नाव: यदि वह मशीनीकृत (Motorized boat) है।
- कृषि उपकरण: 3 या 4 पहिया वाले कृषि उपकरण जैसे ट्रैक्टर या हार्वेस्टर होना।
- सरकारी कर्मचारी: परिवार का कोई भी सदस्य सरकारी नौकरी में हो या सेवानिवृत्त होकर पेंशन ले रहा हो।
- आयकर दाता: यदि परिवार का कोई सदस्य इनकम टैक्स भरता है।
- व्यावसायिक कर: यदि सदस्य प्रोफेशनल टैक्स देता है।
- रेफ्रिजरेटर (फ्रिज): सरकारी सर्वे के अनुसार फ्रिज होना संपन्नता का प्रतीक माना जाता है।
- लैंडलाइन फोन: हालांकि अब यह कम है, लेकिन पुराने नियमों में यह शामिल है।
- सिंचित भूमि: 2.5 एकड़ या उससे अधिक सिंचित भूमि के साथ कम से कम एक सिंचाई उपकरण होना।
- कुल भूमि: 5 एकड़ या उससे अधिक सिंचित भूमि।
- गैर-कृषि उद्यम: सरकार के साथ पंजीकृत कोई बड़ा व्यवसाय होना।
- किसान क्रेडिट कार्ड (KCC): ₹50,000 या उससे अधिक की लिमिट वाला केसीसी कार्ड।
- क्रेडिट लिमिट: किसी भी सदस्य के पास ₹50,000 से अधिक की क्रेडिट सुविधा होना।
PMAY-G Eligibility 2.0: पात्रता और अपात्रता की तुलना (Quick Summary)
यह टेबल आपको यह समझने में मदद करेगी कि कौन इस योजना के लिए आवेदन कर सकता है और कौन नहीं:
| श्रेणी (Category) | पात्र कौन है? (Eligible ✅) | अपात्र कौन है? (Ineligible ❌) |
| मकान की स्थिति | कच्चा मकान (मिट्टी/घास-फूस) या बेघर | पक्का मकान (कंक्रीट की छत वाला) |
| मासिक आय | ₹15,000 से कम मासिक घरेलू आय | ₹15,000 प्रति माह से अधिक आय |
| वाहन | दोपहिया वाहन (बाइक/स्कूटर) | कार, जीप, ट्रैक्टर या भारी ट्रक |
| सरकारी नौकरी | कोई भी सदस्य सरकारी नौकरी में न हो | परिवार का कोई भी सदस्य सरकारी कर्मचारी हो |
| कृषि भूमि | भूमिहीन या 2.5 एकड़ से कम सिंचित भूमि | 5 एकड़ से अधिक असिंचित भूमि |
| उपकरण | साधारण मोबाइल फोन | रेफ्रिजरेटर (फ्रिज) या लैंडलाइन फोन |
| टैक्स (Tax) | जो इनकम टैक्स नहीं भरते | आयकर दाता (Income Tax Payers) |
| व्यवसाय | मजदूर, छोटे किसान या हस्तशिल्पी | सरकार के पास पंजीकृत बड़े उद्यमी |
PMAY-G Eligibility 2.0: क्या बाइक या मोबाइल होने पर घर नहीं मिलेगा?
सोशल मीडिया पर अक्सर यह अफवाह उड़ती है कि मोबाइल या बाइक होने पर नाम कट जाता है। सच्चाई: मोदी 3.0 कैबिनेट के नए निर्देशों के अनुसार, अब साधारण मोबाइल फोन और दोपहिया वाहन (बाइक/स्कूटर) होने पर पात्रता रद्द नहीं की जाएगी। सरकार का मानना है कि आज के समय में मोबाइल और बाइक बुनियादी जरूरतें बन चुकी हैं। इसलिए, यदि आपके पास बाइक है, तो आप अभी भी पात्र हो सकते हैं, बशर्ते आपके पास पक्का घर न हो।
पात्रता की जाँच ऑनलाइन कैसे करें? (AwasSoft पोर्टल गाइड)
आप खुद चेक कर सकते हैं कि सरकार ने आपको पात्र माना है या नहीं:
- AwasSoft पोर्टल पर जाएं।
- ‘Stakeholders’ के अंदर ‘IAY/PMAYG Beneficiary’ पर क्लिक करें।
- अपना रजिस्ट्रेशन नंबर डालें।
- यदि आपके स्टेटस में ‘Verified’ लिखा है, तो आप पात्र हैं। यदि ‘Rejected’ है, तो वहां रिजेक्शन का कारण भी दिया होगा।
अगर आप पात्र हैं लेकिन लिस्ट में नाम नहीं है, तो शिकायत कहाँ करें?
यदि आप गरीब हैं और आपके पास घर नहीं है, फिर भी आपका नाम लिस्ट में नहीं आया है, तो आप ये कदम उठाएं:
- ग्राम सभा अपील: अपनी ग्राम सभा की अगली मीटिंग में अपना मुद्दा उठाएं और ग्राम प्रधान से ‘आवास प्लस’ सर्वे में नाम जोड़ने का आग्रह करें।
- ब्लॉक विकास अधिकारी (BDO): अपनी तहसील या ब्लॉक कार्यालय में लिखित आवेदन दें।
- CPGRAMS: केंद्र सरकार के जन शिकायत पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें।
निष्कर्ष: ग्रामीण बेघरों के लिए 2026 की नई राह
PM Awas Yojana Gramin Eligibility 2026 उन लोगों के लिए एक वरदान है जो सालों से कच्चे घरों में रह रहे हैं। नए नियमों ने मध्यम आय वाले ग्रामीणों और बाइक रखने वाले युवाओं के लिए भी रास्ते खोल दिए हैं। यदि आप पात्रता की शर्तों को पूरा करते हैं, तो अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) या ग्राम पंचायत सचिव से मिलकर अपने दस्तावेजों का सत्यापन जरूर करवाएं।
याद रखें, PMAY-G 2.0 का लक्ष्य केवल घर देना नहीं, बल्कि सम्मान के साथ जीवन जीने का अवसर देना है।
FAQs
PM आवास योजना (ग्रामीण) कौन-कौन ले सकता है?
ग्रामीण परिवार जिनके पास पक्का मकान नहीं है और मासिक आय ₹15,000 तक है, वे पात्र हैं। इसमें महिला मुखिया, भूमिहीन मजदूर, दिव्यांग और SC/ST परिवारों को प्राथमिकता दी जाती है। शर्त यह है कि परिवार में कोई सरकारी नौकरी या 3/4 पहिया वाहन न हो।
PMAY-G 2.0 की नई आय सीमा क्या है?
सरकार ने ग्रामीण आवास योजना के लिए मासिक आय की सीमा ₹10,000 से बढ़ाकर ₹15,000 कर दी है। अब ₹1.80 लाख तक की वार्षिक आय वाले ग्रामीण परिवार भी पक्का घर पाने के हकदार होंगे।
क्या 2026 में पक्का घर होने पर आवास योजना का लाभ मिलेगा?
नहीं। यदि आपके परिवार के पास पहले से कोई पक्का मकान (कंक्रीट की छत वाला) है, तो आप अपात्र माने जाएंगे। यह योजना केवल बेघर और कच्चे या टूटे-फूटे घरों में रहने वाले ग्रामीणों के लिए है।
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का पैसा कितने किस्तों में आता है?
PMAY-G की राशि कुल 3 किस्तों में सीधे बैंक खाते (DBT) में आती है। पहली किस्त नींव भरने, दूसरी दीवार खड़ी करने और तीसरी किस्त छत या फिनिशिंग के काम के लिए जियो-टैगिंग के बाद दी जाती है।
आवास योजना की किस्त रुकने पर क्या करें?
किस्त रुकने का मुख्य कारण बैंक खाते का आधार (NPCI) से लिंक न होना या नाम में गलती होना है। इसके सुधार के लिए तुरंत अपने बैंक जाकर ‘KYC’ अपडेट कराएं और ब्लॉक कार्यालय (VDO) से संपर्क करें।